मुख्य बिंदु (Highlights):
- बाती रायडू ने विराट कोहली को बताया भारत का नंबर-1 टेस्ट कप्तान।
- गांगुली, धोनी और रोहित शर्मा जैसे कप्तानों को छोड़ा पीछे।
- पुराने विवादों को भुलाकर की विराट के आक्रामक अंदाज की तारीफ।
पूर्व भारतीय क्रिकेटर अंबाती रायडू अपने बेबाक बयानों के लिए जाने जाते हैं। हाल ही में ESPNcricinfo को दिए एक इंटरव्यू में रायडू ने एक ऐसा दावा किया है जिसने सोशल मीडिया पर क्रिकेट फैंस के बीच बहस छेड़ दी है। रायडू ने महेंद्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा जैसे दिग्गज कप्तानों की मौजूदगी के बावजूद विराट कोहली को भारत का सर्वकालिक सर्वश्रेष्ठ टेस्ट कप्तान (Best Indian Test Captain) चुना है।
अंबाती रायडू ने विराट कोहली को क्यों चुना नंबर-1 टेस्ट कप्तान?
रायडू ने कप्तानों की अपनी रेटिंग साझा करते हुए मोहम्मद अज़रुद्दीन, सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, अनिल कुंबले, सौरव गांगुली, अजिंक्य रहाणे, रोहित शर्मा और एमएस धोनी के ऊपर विराट कोहली को तरजीह दी।
रायडू के अनुसार, टेस्ट क्रिकेट में विराट कोहली का दृष्टिकोण और टीम में भरी गई आक्रामकता उन्हें सबसे अलग बनाती है। कोहली ने भारतीय टीम की सोच को बदला और विशेषकर विदेशी सरजमीं (SENA देशों) पर जाकर मैच जीतने का जो जज्बा टीम में पैदा किया, वह काबिल-ए-तारीफ है।
दिलचस्प बात: यह बयान इसलिए भी हैरान करने वाला है क्योंकि कुछ समय पहले एक इंटरव्यू में रायडू ने इशारों-इशारों में विराट कोहली (और तत्कालीन चयनकर्ताओं) को अपना इंटरनेशनल करियर समय से पहले खत्म होने का जिम्मेदार ठहराया था। लेकिन टेस्ट कप्तानी की बात आने पर उन्होंने पुराने मतभेदों को किनारे रखकर कोहली की जमकर तारीफ की।
धोनी और रोहित की कप्तानी में खेलने के बावजूद विराट को चुना सर्वश्रेष्ठ
अंबाती रायडू का यह फैसला फैंस को इसलिए भी चौंका रहा है क्योंकि वह खुद कभी विराट कोहली की कप्तानी में उस तरह नहीं खेले, जैसा वह धोनी और रोहित के साथ रहे हैं। रायडू ने आईपीएल (IPL) में एमएस धोनी की कप्तानी में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) और रोहित शर्मा की कप्तानी में मुंबई इंडियंस (MI) के लिए खेलते हुए कई ट्रॉफियां जीती हैं। धोनी और रोहित के बेहद करीब होने के बावजूद रायडू ने माना कि रेड-बॉल क्रिकेट (Test Format) का असली किंग कोई और नहीं बल्कि विराट कोहली ही हैं।
एमएस धोनी, विराट कोहली और रोहित शर्मा: बतौर कप्तान टेस्ट रिकॉर्ड
रायडू के इस बयान की सच्चाई को समझने के लिए हमें इन तीनों कप्तानों के आंकड़ों पर नजर डालनी होगी, जो यह साफ करते हैं कि क्यों विराट को टेस्ट का सबसे सफल कप्तान माना जाता है:
| कप्तान (Captain) | मैच (M) | जीते (W) | हारे (L) | ड्रॉ (D) | जीत % (Win %) |
|---|---|---|---|---|---|
| 👑 विराट कोहली | 68 | 40 | 17 | 11 | 58.82% |
| 🏏 एमएस धोनी | 60 | 27 | 18 | 15 | 45.00% |
| 🎯 रोहित शर्मा | 24 | 12 | 9 | 3 | 50.00% |
विराट कोहली (इतिहास के सबसे सफल कप्तान)
रिकॉर्ड्स गवाह हैं कि विराट कोहली भारत के सबसे सफल टेस्ट कप्तान रहे हैं। उनके नाम सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने और सबसे ज्यादा मैच जीतने का रिकॉर्ड है। कोहली के नेतृत्व में ही भारतीय टीम ने लगातार 5 साल तक आईसीसी (ICC) टेस्ट रैंकिंग में नंबर वन का पायदान संभाला। इसके अलावा, उनकी कप्तानी का सबसे सुनहरा पल 2018-19 में आया, जब भारत ने इतिहास में पहली बार ऑस्ट्रेलिया को उसी के घर में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में मात दी।
एमएस धोनी (घरेलू पिचों के किंग)
एमएस धोनी की कप्तानी में भारतीय टीम ने साल 2009 में पहली बार टेस्ट क्रिकेट में नंबर वन रैंकिंग हासिल की थी। धोनी ने घर पर टीम इंडिया को अजेय बनाया, लेकिन विदेशी धरती पर उनका रिकॉर्ड बेहद खराब रहा। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के दौरों पर टीम इंडिया को उनकी कप्तानी में 4-0 से क्लीन स्वीप का सामना करना पड़ा था, जिसके कारण विदेशी दौरों पर उनकी रणनीति की आलोचना होती थी।
रोहित शर्मा (छोटा लेकिन उतार-चढ़ाव भरा सफर)
बतौर टेस्ट कप्तान रोहित शर्मा का करियर काफी छोटा रहा है। उनकी कप्तानी में भारत ने 2023 में वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) का फाइनल जरूर खेला, लेकिन साल 2024 में घर पर न्यूजीलैंड के खिलाफ मिली 3-0 की शर्मनाक हार उनके टेस्ट कप्तानी करियर पर एक बड़ा दाग बन गई, जिसने घरेलू मैदानों पर भारत के दबदबे को हिलाकर रख दिया।
निष्कर्ष (Conclusion)
अंबाती रायडू के इस बयान ने यह साबित कर दिया है कि भले ही सीमित ओवरों (ODI/T20) में धोनी और रोहित का पलड़ा ट्रॉफियों के मामले में भारी हो, लेकिन जब बात पारंपरिक टेस्ट क्रिकेट की आती है, तो विराट कोहली का कोई सानी नहीं है। रायडू की यह ‘ब्लाइंड रैंकिंग’ सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रेमियों के बीच चर्चा का मुख्य विषय बनी हुई है।

